उद्याेग एवं संसदीय कार्यमंत्री हर्षवर्धन चौहान ने स्पष्ट किया है कि नालागढ़ में स्थापित होने वाले मेडिकल डिवाइस पार्क को केंद्र सरकार की शर्तों पर विकसित करते तो हिमाचल प्रदेश को किसी प्रकार का लाभ नहीं होना था। इसलिए प्रदेश सरकार ने बड़ा निर्णय लेते हुए मेडिकल डिवाइस पार्क को अपने स्तर पर बनाने का निर्णय लिया है। पार्क के लिए अधिग्रहण की गई 265 एकड़ जमीन के पच्चीस प्रतिशत भूमि 66.5 एकड़ पर पार्क बनेगा। इसके अलावा शेष भूमि पर हरित उद्योगों को बाजार मूल्य पर भूमि दी जाएगी। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार से प्राप्त हुई तीस करोड़ की धनराशि शीघ्र लाैटाई जाएगी।
सचिवालय स्थित कार्यालय में उद्याेग एवं संसदीय कार्यमंत्री हर्षवर्धन चौहान मीडिया से बात करते हुए कहा कि निजी अस्पतालों में हिम केयर योजना बंद किए जाने के मामले में विपक्षी भाजपा द्वारा राजनीति की जा रही है और प्रतिशोध की भावना से काम हो रहा है। पूर्व जयराम सरकार ने ऐसे निजी अस्पतालों को हिम केयर योजना के लिए इंपेनलमेंट कर दिया था, जिनमें मूलभूत सुविधाएं तक नहीं थी। हिम केयर याेजना में जैसे ही सरकार को फर्जीबाड़ा होने की शिकायतें मिली, तुरंत सरकार ने कदम उठाया। आयुष्मान योजना को लेकर उन्होंने कहा कि ऐसा नहीं है कि इस योजना में हिमाचल सरकार का पैसा भी खर्च होता है। आयुष्मान योजना के लिए 85 करोड़ का बजट खर्च हुआ, जिसमें से 45 करोड़ केंद्र और 40 करोड़ हिमाचल सरकार ने हिस्सा दिया है।
हम भाजपा से घबराते नहीं
हर्षवर्धन चौहान ने विधानसभा के मानसून सत्र को लेकर कहा कि हमारी सरकार भाजपा से घबराती नहीं है। 29 अगस्त से 9 सितंबर तब आयोजित होने वाले सत्र के दौरान आने वाले विषयों का सरकार की ओर से उत्तर दिया जाएगा। इस बार मानसून सत्र के दौरान दस बैठकें प्रस्तावित हैं, जबकि आज से पहले वर्षाकालीन सत्र चार-पांच बैठकों का रहता था।

